एक पुलिस वाले सहित तीन निगमकर्मी घायल
सागर। व्यवस्थाओं के साथ पहुंचे नगर निगम और प्रशासन के कर्मचारियों पर क्षेत्र के करीब 200 ग्रामीणों ने एक बार फिर हमला कर दिया। ग्रामीणों ने कर्मचारियों को दौड़ा-दौड़ाकर पीटा। इस घटना में नगर निगम के तीन कर्मचारियों और एक पुलिसकर्मचारी को चोटें आर्इं हैं।
हमले से कर्मचारियों में दहशत का माहौल बना हुआ है। शनिवार की दोपहर नगर निगम कर्मचारी पिछली घटना से सबक लेते हुए जिला प्रशासन के अधिकारियों के साथ राजघाट बांध पर अवैध सिंचाई रोकने के लिए गए। नगर निगम के अतिक्रमण अमले के अलावा निगम के अन्य कर्मचारी उपस्थित थे। एसडीएम रवीन्द्र चौकसे तहसीलदार एसएल विश्वकर्मा, नगर निगम उपयंत्री सहित कई अधिकारी मौके पर मौजूद थे। दोपहर करीब 2 बजे क्षेत्र में आवैध रूप से सिंचाई कर रहीं मोटरों को जब्त करने के बाद जैसे ही अमले का काफिला राजघाट बांध की तरफ आने लगा तभी क्षेत्र के करीब दो सौ ग्रामीणों ने अमले पर पीछे से हमला कर दिया। ग्रामीणों ने वाहनों में पथराव किया और कर्मचारियों को घायल कर दिया।
बज्र वाहन पलटा
जानकारी के अनुसार गुस्साए ग्रामीणों ने बज्र वाहन के ड्रायवर को सिर में पत्थर मार दिया जिससे बज्र वाहन पलट गया। वाहन में पुलिसकर्मी बैठे थे जिनको चोटें आर्इं। सिर में पत्थर लगने से बज्र वाहन के ड्रायवर गंभीर चोटें आई है। जिसका तिली अस्पताल में इलाज चल रहा है। नगर निगम के काफिले में कर्मचारी धर्मेन्द्र बोहरे एवं निगम के दो अन्य कर्मचारियों को भी चोटें आर्इं हैं। सभी कर्मचारी जैसे तैसे अपनी जान बचाकर वहां से भाग खड़े हुए।
पहले भी हुआ था हमला
करीब दो माह पहले भी निगम कर्मचारी राजघाट बांध पर मोटर जब्त करने के लिए पहुंचे थे जहां पर गुस्साए ग्रामीणों ने कर्मचारियों पर हमला किया था। जिससे निगम के एक कर्मचारी रामधारण को सिर में गंभीर चोटें आर्इं थी। फिर भी निगम प्रशासन ने मोटर जब्त की कार्रवाई मे लापरवाही बरती और पूरी व्यवस्था के नहीं पहुंचा। क्षेत्रवासियों का कहना है कि राजघाट बांध में जमीनें दी थी। और उन्हें आश्वस्त किया गया था कि उन्हें सिंचाई हेतु पानी दिया जाएगा।
8 मोटरें जब्त
जानकारी के अनुसार शनिवार को नगर निगम कर्मचारियों द्वारा राजघाट बांध से अवैध रूप सिंचाई के उपयोग में लाई जा रहीं 8 मोटरें जब्त की हैं। जब निगम का अमला जिला प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ अन्य गांवों में जाकर मोटरें जब्त करने की कार्रवाई कर रहा था तो क्षेत्रवासी एकत्रित होने लगे थे। राजघाट बांध पर जल स्तर लगातार गिर रहा है। नगर निगम प्रशासन को चिंता सता रही है कि अभी से जब जल स्तर गिर रहा है तो गर्मी के दिनों में शहरवासियों को किस तरह से पेयजल की व्यवस्था कराई जाएगी।




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