सागर। आपसी राजीनामा के माध्यम से वर्षो से लम्बित प्रकरणों का त्वरित निराकरण हो सके। साथ ही पक्षकारों को त्वरित न्याय सुलभ हो जाए । इस हेतु विधिक सेवा प्राधिकरण के माध्यम से लोक अदालतों का आयोजन किया जा रहा है। इसी क्रम में आज सागर में जिला न्यायालय समेत सभी तहसील स्तरीय न्यायालयों में वृहद लोक अदालते आयोजित की गई और इन मैगा अदालतों के माध्यम से 83 हजार से अघिक प्रकरणों का निराकरण सम्पन्न कराया गया । साथ ही 5 करोड़ 84 लाख 42 हजार 887 रुपए राशि के अवार्ड पीड़ित पक्षकारों के पक्ष में आदि विभिन्न प्रकार की वसूलियां की गई।
जिला न्यायालय परिसर सागर में शनिवार को सम्पन्न मैगा लोक अदालत का शुभारंभ प्रदेश के पंचायत एवं ग्रामीण विकास और सामाजिक न्याय मंत्री गोपाल भार्गव के मुख्य आतिथ्य और जिला एवं सत्र न्यायाधीश सुश्री प्रतिभा रत्न पारखी की अध्यक्षता में सम्पन्न हुआ । जिसमें पंचायत मंत्री श्री भार्गव ने कहा कि देश में करोड़ों ऐसे प्रकरण लम्बित है जिनका निराकरण एक दिन में हो सकता है । किन्तु साक्ष्य के अभाव में यह प्रकरण लम्बित है जिससे न्याय व्यवस्था पर समाज का विष्वास कम होता है ।
अब न्याय व्यवस्था में विधिक सेवा प्राधिकरण के माध्यम से लोक अदालतें आयोजित हो रही है जिससे एक ही दिन एक ही स्थान पर अनेक प्रकरणों का निराकरण सम्पन्न हो जाता है और लोक अदालते न्याय व्यवस्था के प्रति विष्वास बढाने का कार्य कर रही है। आपने बताया कि मध्यप्रदेश सरकार ने भी आम गरीब की समस्याओं के निपटारे के लिए सेवाएं उपलब्ध कराने समय सीमा निर्धारित कर दी है और लोक सेवा प्रदाय की गारंटी अधिनियम लागू किया है ।
बीदीओ कान्फे्रन्सिग, समाधान आॅन लाइन व टीएल बैठकें भी पारदर्शी निराकरण के लिए व्यवस्थाएं सरकार चला रही है ताकि गरीब पक्षकारों को छोटे-मोटे कामों के लिए न्यायालय तक ना आने पडे़ । आपने कहा कि लोक अदालतों का आयोजन लम्बे समय से प्रतीक्षारत निर्णयों को एक दिन में ही निराकृत करा देने में सराहनीय योगदान दे रही है । साथ ही अनेक विभागों को टैक्स व अन्य राजस्व की वसूली में मददगार होती है और पक्षकारों का त्वरित न्याय मिलता है तथा राजीनामा से निर्णय होने के कारण सामजस्य बनाने भी मददगार होती है लोक अदालते ।
जिला एवं सत्र न्यायाधीश सुश्री रत्नपारखी ने कहा कि पिछले साल लोक अदालत में 89 हजार मामले एक दिन में निपटे थे । विधिक सहायता के लिए अनेक योजनाएं चलाने का काम न्यायालयों ने शुरू किया है । गांव-गांव जाकर विधिक साक्षता शिविर आयोजित हो रहे है । विधिक सेवा संबंधी योजनाओं का संचालन समाज के हित में अभियान के रूप चल रहा है इस हेतु समाज के जागरूक जन इस अभियान में मदद दे व प्रचार करें । लोक अदालत में सुलह समझौते से होने वाले निर्णय से समाज से वैमनस्यता खत्म होती है इसलिए समाज में सद्भाव बनाने के इस अभियान में सभी की सहभागिता जरूरी है।
समारोह में बार एशोसिएशन के अध्यक्ष राजेन्द्र दुबे ने स्वागत भाषण दिया । पूर्व में अतिथिजनों ने मां सरस्वती जी के समक्ष दीप प्रज्जवलित कर लोक अदालत का शुभारंभ किया और शासकीय कलापथक दल ने सरस्वती वंदना, स्वागत गीत की मनमोहक प्रस्तुतियां दी । संचालान विशेष न्यायाधीश भारतभूषण श्रीवास्तव ने अंत आभार प्रदर्शन पंचम अपर सत्र न्यायाधीश के.जी.सुलेखा ने लिया। वृहद लोक अदालत के माध्यम से निराकृत प्ररकणों की जानकारी देते हुए जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव रामजी गुप्ता ने बताया कि शाम 7 बजे तक संकलित जानकारी के अनुसार 83 हजार से अधिक प्रकरणों का निराकरण विभिन्न पीठासीन अधिकारियों वृहद लोक अदालत में सम्पन्न कराया जा चुका था । साथ ही 5 करोड़ 84 लाख 42 हजार 887 रुपए की वसूली की गई ।
खुरई में निपटे 5383 मामले
खुरई। खुरई में अपर सत्र न्यायाधीश अखिलेश शुक्ला ने दीप प्रज्जवलित कर वृहद लोक अदालत का शुभारंभ किया। वृहद लोक अदालत के लिए अलग-अलग खंड पीठ में खंड पीठ अपर सत्र न्यायाधीश अखिलेश शुक्ला के न्यायालय में 130 मामलों में निपटारा सुलह के माध्यम से कराया गया। सुश्री सरिता बाधवानी के न्यायालय में करीब 824 प्रकरण निपटेल, श्रीमती सुचिता श्रीवास्तव ने 110 प्रकरण, अभिलाष जैन न्यायाधीश 80 प्रकरण इसके अलावा कमल सोलंकी एसडीएम खुरई, तहसीलदार दिनेश शुक्ला सहित मालथौन बांदरी, खिमलासा, नायब तहसीलदार के माध्यम से मामलों का निपटारा किया गया। एसडीएम न्यायालय में 493, खुरई तहसीलदार दिनेश शुक्ला के न्यायालय में 2303, बांदरी तहसीलदार ने 454, मालथौन तहसील में 394, खुरई नगर पालिका में 349, विद्युत मंडल में 76 मामले में वन विभाग में 140 मामले, सेंट्रल बैंक में 28 मामले निपटाए गए। चारों खंड पीठों में सुलहकर्ता सदस्य के रूप में भरत जैन, बीडी लखेरा, राकेश बांदरी, नूतन जैन, संजय खरे, कृष्ण मुरारी चौबे आदि उपस्थित थे।
केसली में निपटे 1 हजार 500 प्रकरण
केसली। शनिवार के दिन केसली में आयोजित हुई लोक अदालत में कुल 1552 प्रकरण आए। और सभी प्रकरणों को एक ही दिन में निपटाया गया। जानकारी के अनुसार निराकृत प्रकरणों में 1887 प्रकरण धारा 107/116, 587 प्रकरण भू-अधिकार ऋण पुस्तिका, 205 आय-निवास, 217 खसरा, 217 बी-1, 12 प्रकरण जन्म मृत्यु प्रमाण पत्र, 22 प्रकरण भू-अधिकार प्रमाण पत्र, 56 आरबीसी, 17 नाबालगी, 13 द्वितीय ऋण पुस्तिका, 19 बीपीएल इस तरह कुलमिलाकर 1552 प्रकरणों को तहसीलदार आरएस श्रीवास्तव के द्वारा निराकृत किया गया। इस अवसर पर भाजपा मंडल अध्यक्ष पूरन सिंह, अनुरूद्ध कटारे, संदीप अरेले, अजय दुबे, अतुल जैन, प्रदीप पांडे आदि उपस्थित थे।
देवरी में निपटे 13 हजार 231 मामले
देवरीकलां। न्यायालय परिसर देवरी में मेगा लोक अदालत का शुभारंभ न्यायाधीश आरके डहेरिया ने किया। उपस्थित पक्षकारों न्यायाधीश मनोज तिवारी ने निशुल्क भोजन कराया। अदालत में अपराधिक मामले, सिविल, भरण पोषण, राजस्व बैंक से संबंधित 13 हजार 231 मामले निपटाए गए। जिनमें व्यवहार न्यायालय वर्ग 1 के 231, वर्ग दो के 178, राजस्व विभाग के 415, जनपद देवरी के 600, तहसीलदार देवरी 1794, केसली के 1552, नगर पालिका के 1555, वन विभाग देवरी 247, बैंको के 364, लोक सेवा केन्द्र के 512, सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र 188 मामलों का निपटारा हुआ। लोक आदलत में मुख्य रूप से एसडीएम व्हीपी द्विवेदी, तहसीलदार रामजीलाल वर्मा, जनपद सीईओ अमित सिंह, केआर जाधव, यूएस भार्गव, आरपी श्रीवास्तव, राजवीर कुशवाहा, केएस ठाकुर, डीएस ठाकुर, रमेश शाक्य, आरके बघेल, एमएल बोहरे, कैलाश पटेल, लक्ष्मीनारायण वैद्य, उमेश पलिया, संजय गुप्ता, बलराम जाटव आदि उपस्थित थे।




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