सागर/ कलेक्टर योगेन्द्र शर्मा ने शाहगढ़ स्थित अजा. उत्कृष्ट बालक छात्रावास में अव्यवस्थाओं की शिकायत मिलने पर निरीक्षण करवाया तो छात्रावास में अधिकारी नदारत मिले जिस पर कार्रवाई करते हुए छात्रावास के अधीक्षक सहित तीन कर्मचारियों को निलंबित कर दिया गया और एक सेवाएं समाप्त कर दी गई।
गौरतलब है कि शाहगढ़ के टीकमगढ़ रोड स्थित अनुसूचित जाति बालक छात्रावास में लंबे समय से शिकायतें आ रही थी। मंगलवार को कलेक्टर की जनसुनवाई में छात्रावास के दर्जनों छात्रों ने परिजनों के साथ मिलकर कलेक्टर से शिकायत की थी। जिसके बाद कलेक्टर योगेन्द्र शर्मा ने स्थानीय तहसीलदार अशोक अवस्थी को निरीक्षण के लिए भेजा था।
मौके पर पहुंचे तहसीलदार ने छात्रावास में जाकर देखा तो शिकायत के हिसाब से तथ्य सही पाए गए। साथ ही छात्रावास अधीक्षक अन्य कर्मचारी ड्यूटी से नदारत थे। जिसके बाद उन्होंने अपना जांच प्रतिवेदन कलेक्टर को भेजा। तहसीलदार ने छात्रावास में उपस्थित छात्रों से पूछताछ की छात्रावास में बन रहे भोजन को भी देखा। छात्रों का आरोप था कि उन्हें दूषित भोजन दिया जाता है। साथ ही सुरक्षा व्यवस्था भी नहीं है। साफ-सफाई का अभाव है।
इसी क्रम में कलेक्टर ने छात्रावास में पदस्थ अधीक्षक अमरसिंह अहिरवार, चौकीदार हिरूवा अहिरवार और जल वाहक कोमल रैकवार को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। इसके साथ ही छात्रावास में दैनिक वेतन भोगी कर्मचारी श्रीमती पुष्पा धानक रसोईया की सेवाएं तत्काल प्रभाव से समाप्त करने का आदेश जारी किया है। कलेक्टर ने एक आदेश जारी कर प्री-मेट्रिक बालक उत्कृष्ट छात्रावास शाहगढ़ का प्रभार शासकीय प्राथमिक शाला नरवां में पदस्थ सहायक शिक्षक हरपालसिंह गौड़ को सौंपा है।



कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें