सागर। तिलकगंज मंदिर में विराजे 105 वाणीभूषण जनसंत क्षुल्लक विरंजनसागर जी महाराज ने सागर नगर में अवैध, खुले में चल रही बिना लायसेंस, अपंजीकृत मांस दुकानों को बंद कराने का निवेदन प्रशासन ने किया है।
नगर पालिक निगम एवं छावनी परिषद की वैधानिक अनुमति के बिना इन दोनों क्षेत्रों में किसी भी व्यवसाय का संचालन नहीं किया जा सकता। किन्तु फिर भी सैकड़ों जगह, गरैरकानूनी मांस खुलेआम बिक रहा है। नगर में अपंजीकृत बिना लायसेंस एवं बिना वैध अनुमति के खुलेआम चल रही मांस दुकानों को बंद कराने हेतु सभी से तैयार रहने का आह्वान है।
अहिंसा की भावना के विपरीत संपूर्ण नगर में नगर पालिक निगम एवं छावनी परिषद की वैधानिक अनुमति के बिना इनकी मूकसहमती से सैकड़ों जगह गैरकानूनी रूप से वर्षो पूर्व से मांसाहार सामग्री का अपंजीकृत बिना लायसेंस लिए व्यवसाय खुलेआम किया जा रहा है। नगर पालिक निगम में मुख्यत: राधा तिराहा, मालगोदाम रोड पर कटरा, शुक्रवारी, शनीचरी, सिविल लाइंस, तिली मोतीनगर, गोलाकुंआ वर्धमान कालोनी आदि कई जगह एवं छावनी परिषद सागर में मुख्य केंट अस्पताल, झांसी बस स्टैंड के आसपास मुर्गा बकरा मांस मछली, मांसाहारी, भोजनालय, अंडा विक्री का अपंजीकृत बिना लायसेंस करोबार साथ ही उससे जुड़ा अवैध बूचड़खाने का करोबार भी खुलेआम चल रहा है। बिना लायसेंस मांसाहारी दुकानों से मांस धोवन, गंदा पानी, खून व मांस के टुकड़े पंख आदि अवशेष सड़क आदि पर फेंक दिए जाते हैं जिससे जिससे प्रदूषण गंदगी लोकन्यसेंन्स फैला हुआ है।
क्षुल्लक विरंजनसागर जी महाराज ने समाज से आह्वान किया कि निडर होकर प्रशासन से शिकायतें करें व विरोध दर्ज कराएं। अवैध मांस दुकाने न केवल कानून का उल्लघंन है साथ ही हमारे धर्म का भी अपमान है। महाराज ने प्रशासन से अनुरोध किया है कि प्रशासन अवैध मांस दुकानें बंद कराए अन्यथा हम आंदोलन को बाध्य होंगे। विरंजन सागर महाराज ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि शीघ्र ही अवैध मांस दुकानें बंद नहीं हुई तो समाज चुनाव बहिष्कार का निर्णय लेने को मजबूर होगा। जिसकी सारी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।



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