सागर। साहित्याचार्य डॉ. पंडित पन्नालाल जी जैन की 102 वीं जन्मजयंती पर कटरा नमक मंडी स्थित र्कीति स्तंभ के समक्ष प्रतिमा पर मार्ल्यापण कर श्रद्धासुमन अर्पित किए गए। इस अवसर पर आयोजित विनयांजलि सभा में वक्ताओं ने पंडितजी के संदेशों को अपने जीवन में उतारने का आहवान किया।
जन्मजयंती पर जैन भ्रातसंघ द्वारा आयोजित कार्यक्रम में सर्वप्रथम पंडितजी के चित्र के समक्ष वयोवृद्ध साहित्यकार नेमीचंद जैन विनम्र, जवाहरगंज वार्ड के पूर्व पार्षद राजेश केशरवानी, अजित मलैया, डॉ. अरूण सिंघई ने दीप प्रज्जवलन किया। इस अवसर पर आयोजित विनयांजलि सभा को संबोधित करते हुए ब्र. राकेश भैया ने कहा कि पंडितजी समय के पाबंद के साथ साथ ह्दय से सरल थे। उनका गुण था कि उनके कारण कोई परेशान न हो। सभा को हेमचंद जैन, अनिल नैनधरा आदि ने भी संबोधित किया। सभा के अंत में वरिष्ठ शिशु रोग विशेषज्ञ डॉ. राजेश जैन ने आभार व्यक्त किया।



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