बुधवार, 30 जनवरी 2013

कर्रापुर में फिर तनाव, धारा 144 लागू

सागर। कर्रापुर के गजरथ महोत्सव में बच्चे को लेकर दो पक्षों मे हुआ विवाद रुकने का नाम नहीं ले रहा है। विगत रात्रि में कुछ असामाजिकतत्वों ने बस स्टैंड स्थित दो दुकानों में आग लगा दी। इस घटना ने पूरे क्षेत्र में तनाव पूर्ण माहौल बना दिया है। बुधवार को जैसे ही यह खबर फैली कि बस स्टैंड पर दुकाने जलाई गई हैं तो क्षेत्र में दहशत का माहौल बन गया। इस घटना ने पुलिस की सुरक्षा व्यवस्था पर सवालिया निशान लगा दिया है। एक बार फिर कर्रापुर में पुलिस तैनात कर दी गई है। 

प्राप्त जानकारी के अनुसार मंगलवार-बुुधवार की दरमियानी रात अज्ञात व्यक्ति ने कर्रापुर के बस स्टैंड पर स्थित एक जूता-चप्पल की दुकान एवं एक पान-गुटखा की गुमठी पर आग लगा दी, जिससे दुकान में रखा लाखों का सामान जलकर खाक हो गया। दुकान मालिक को इसकी सूचना सुबह लगी तो उन्होंने तुरंत कर्रापुर पुलिस चौकी को दी। दुकानदारों ने बताया रात के समय हुई आगजनी में दुकान में रखा सामान जल गया है। जूते चप्पल की दुकान में रखा लाखों का माल स्वाहा हो गया वहीं पान की गुमठी में भी हजारों क्षति हुई है। इस घटना के बाद क्षेत्र में एक बार फिर तनाव का माहौल बन गया, पुलिस हरकत में आई और फिर से बाजार बंद हो गया। 


क्या था मामला


गौरतलब है कि रविवार को गजरथ महोत्सव के दौरान एक बच्चे को लेकर हुए विवाद में दो पक्ष आपस में भिड़ गए थे। दोनों पक्षों के बीच धारदार हथियार चले। मामला गंभीर हो गया था, कर्रापुर में भारी पुलिसबल भी तैनात किया गया था। मारपीट में करीब सात लोग घायल हुए थे। पुलिस के आला अधिकारियों ने मोर्चा संभालकर स्थिति को नियंत्रण में किया था और झगड़े में 20 आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर दूसरे दिन कुछ आरोपियों को गिरफ्तार भी कर लिया गया था।


पुलिस की गश्त कहां


कर्रापुर में सोमवार को हुए दो पक्षों में झगड़े के बाद मामला संवेदनशील हो गया था। इसके बावजूद भी पुलिस ने रात की गश्त के दौरान लापरवाही वरती और रात के समय असामाजिकतत्वों ने गुमठी में आग लगा दी। हालांकि कर्रापुर चौकी प्रभारी का कहना है कि रात के गश्त के दौरान ही उन्होंने दुकान से धुंआ उठता देखा और मौके पर पहुंचकर आग पर काबू पाया। इस मामले में पुलिस का रवैया गैरजिम्मेदाराना रहा है। मामला गंभीर था तो पुलिस को पूरे क्षेत्र में पैनी नजर रखनी चाहिए थी।


आठ दिनों तक धारा 144


अनुविभागीय दंडाधिकारी रवीन्द्र चौकसे द्वारा आदेश प्रस्तावित किया गया है कि कर्रापुर क्षेत्र में 30 जनवरी से 6 फरवरी तक पुलिस आफीसर, मजिस्टेÑट तथा ड्यूटी पर उपस्थित लोक सेवक के अलावा कोई भी व्यक्ति लाठी, लोहे की रॉड, बंदूक, विस्फोटक सामग्री या अन्य सामान लेकन ग्राम में नहीं घूमेगा। भड़काने वाले भाषण, आमसभा, जुलूस नहीं होंगे। 


इनका कहना है
कर्रापुर में बस स्टैंड स्थित दो गुमठियों पर कुछ असामाजिकतत्वों ने आग लगाई है। पुराने मामले में उन्होंने कुछ आरोपियों को हिरासत में लिया है। दुकानों में आग लगाने वाले आरोपियों को भी शीघ्र गिरफ्तार किया जाएगा। क्षेत्र में स्थिति पुलिस नियंत्रण में है। आगजनी की घटना असामाजिकतत्वों द्वारा की गई है। 
डीआर तेनीवार, एडीशनल एसपी, सागर

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