सागर। जिले में 17 फरवरी को संपादित होने वाले फाइलेरिया उन्नमूलन अभियान की सफलता के लिए आज सागर में प्रभारी कलेक्टर पीएस जाटव की अध्यक्षता और सहायक कलेक्टर विजय कुमार की उपस्थिति में जिला टास्क फोर्स समिति की बैठक संपन्न हुई।
सीएमएचओ डॉ. अजय बडोन्या, समस्त बीएमओ, स्वास्थ्य कार्यक्रम प्रभारियों, महिला एवं बाल विकास, शिक्षा और नेहरू युवा केन्द्र के अधिकारियों की उपस्थिति में संपन्न इस बैठक में फाइलेरिया अभियान के तहत जिले में घर-घर जाकर 2 वर्ष व उससे ऊपर के प्रत्येक व्यक्ति को डीईसी की गोलियां खिलवाने के साथ अभियान के पर्याप्त प्रसार-प्रचार के संबंध में आवश्यक निर्णय लिए गए।
स्थानीय कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में संपन्न टास्क फोर्स समिति की बैठक में तय किया गया कि दवा वितरक अपने क्षेत्र के प्रत्येक घर का सर्वे दो तीन दिन पहले कर ले और रजिस्टर में नाम भी लिख लेगा । इसके बाद 17 फरवरी को सर्वेक्षित व्यक्ति को खाने के बाद डी.ई.सी. की गोली अपने सामने खिलाएगा । 2 वर्ष से कम आयु, गंभीर बीमार और गर्भवती महिलाओं को डीईसी गोलियां बिल्कुल नहीं खिलाई जाएं। यह अभियान 18 व 19 फरवरी को भी मापमप राउण्ड के रूप में चलेगा जिसमें छूट गए व्यक्तियों को डीईसी की गोलियां खिलाई जाएगी।
प्रत्येक आंगनवाडी केन्द्र, पंचायत भवन और प्रमुख स्थलों पर गेरू द्वारा दीवार लेखन के माध्यम से अभियान की तिथि लिखवाई जाए। आदिम जाति कल्याण विभाग अंतर्गत छात्रावास, आश्रमों में विद्यार्थियों को अभियान के प्रति जागरूक किया जाए ताकि जब दवा वितरक उनके पास जाए तो वे गोलियां जरूर खाएं । इसी तरह शिक्षा अधिकारी अपने अधीन विद्यालयों को पत्र भेजकर अभियान की जानकारी स्कूली बच्चों को दे और स्कूली बच्चे अपने परिवार में जानकारी देकर अभियान के लिए जागृति पैदा करेंगे। इसी तरह सीईओ के माध्यम से सभी ग्राम पंचायतों तक अभियान की जागृति हेतु दिशा निर्देश जारी होगे जिससे सरपंच व सचिव पर्याप्त प्रसार प्रचार करेंगे। महिला बाल विकास विभाग भी आंगनवाडी कार्यकर्ता और स्वास्थ्य विभाग की आशा व एएनएम भी अभियान का पहले से प्रचार करें। अभियान की जनजागृति में सभी विभागों का समन्वय बना रहे इस हेतु सभी विभागीय अधिकारियों को प्रभारी कलेक्टर ने निर्देशित किया।
बैठक में जिला मलेरिया अधिकारी डॉ. नरेन्द्र सैनी ने फाइलेरिया अभियान की गतिविधियों और निर्धारित कलेण्डर की जानकारी दी। उन्होंने फाइलेरिया बीमारी के कारणों और फाइलेरिया के दुष्प्रभाव की जानकारी दी। साथ ही फाइलेरिया से बचाव के लिए आवश्यक उपाय व उपचार की जानकारी भी दी । उन्होंने बताया कि इस अभियान में सभी को डीईसी की गोलियां खिलाने का कार्य होगा। साथ ही फाइलेरिया बीमारी से ग्रसित मरीजों के आपरेशन भी जिला चिकित्सालय में नि:शुल्क संपन्न होंगे।



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